Independence Day 2020: जब 8 अगस्त को ही महात्मा गांधी ने शुरू कर दिया था भारत छोड़ो आंदोलन, जानें 5 रोचक तथ्य

Independence Day 2020: हर साल भारत में 15 अगस्त को आजादी का जश्न मनाया जाता है। 15 अगस्त 1947 को भारत आजाद हुआ और आज 73 साल होने जा रहे हैं। भारत की आजादी में महात्मा गांधी के योगदान को हमेशा याद किया जाता है। महात्मा गांधी ने अंग्रेजी हुकूमत से लोहा लिया और 15 अगस्त 1947 को भारत आजाद हो गया। भारत छोड़ो आंदोलन से जुड़े 5 रोचक तथ्य

1. कहते हैं कि यह सिर्फ एक 2 साल की मेहनत नहीं बल्कि एक लंबा संघर्ष था। जो महात्मा गांधी के नेतृत्व में किया गया था। अंग्रेजों को भारत से भगाने के लिए महात्मा गांधी ने 1942 में भारत छोड़ो आंदोलन की शुरुआत कर दी थी। यह एक ऐसा आंदोलन था, जिसका मकसद था अंग्रेजों भारत छोड़ो या भारत से निकल जाओ। Also Read – भारत-चीन के बीच दौलत बेग ओल्डी में आज होगी मेजर जनरल स्तर की बातचीत

2. यह आंदोलन महात्मा गांधी ने 8 अगस्त 1942 को शुरू किया था और इसके 5 साल बाद यानी 15 अगस्त 1947 को भारत आजाद हुआ। अंग्रेजों को देश से बाहर निकालने के लिए महात्मा गांधी ने भारत छोड़ो आंदोलन ही नहीं नागरिक अवज्ञा आंदोलन, दांडी यात्रा और अन्य कई आंदोलन छेड़े। जिनका मकसद अंग्रेजों को देश से बाहर निकालना था।

3. इस आंदोलन के बाद कई जगहों पर जमकर हिंसा हुई। इसमें कई रेलवे स्टेशन, सरकारी कार्यालय और संस्थानों को नुकसान पहुंचाया गया। हिंसा की गतिविधियों के लिए महात्मा गांधी को अंग्रेजों ने दोषी ठहराया और उनको जेल में डाल दिया गया। जबकि सभी प्रमुख नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया। कांग्रेस पर प्रतिबंद लगा दिया गया और आंदोलन को दबाने के लिए सेना को बुला लिया गया। Also Read – राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने गिरीश चंद्र मुर्मू को सीएजी पद की शपथ दिलाई

4. वहीं दूसरी तरफ महात्मा गांधी के अलावा देश के अन्य नेता और आदि के लिए नए-नए आंदोलन चला रहे थे। सुभाष चंद्र बोस कोलकाता में ब्रिटिश हुकूमत की निगरानी में नजरबंद कर दिया गया। इसी दौरान सुभाष चंद्र बोस ने आजाद हिंद फौज का गठन किया। कहते हैं कि भारत की आजादी के लिए निकोबार दीप समूह को ब्रिटिश राज के कब्जे से मुक्त करवाने के लिए भारत में लगाता प्रयास किया और 1945 में हवाई दुर्घटना के दौरान सुभाष चंद्र बोस का निधन हो गया।

5. यह एक बहुत बड़ी घटना थी जिसमें लाखों युवाओं को प्रभावित किया था। लेकिन भारत की आजादी के लिए महात्मा गांधी के नेतृत्व में चल रहे कई आंदोलनों का मकसद अंग्रेजी हुकूमत को जड़ से उखाड़ फेकना था। महात्मा गांधी ने हमेशा शांति, भाईचारे और अहिंसा के रास्ते पर चलते हुए। अंग्रेजों को भारत छोड़ने का आग्रह किया था। जिसके बाद ब्रिटिश हुकूमत ने 15 अगस्त 1948 का दिन भारत की आजादी के लिए चुना।